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वाराणसी घाटों पर सेल्फी का बढ़ता क्रेज बन रहा जानलेवा, जनवरी से अप्रैल तक आठ लोगों की मौत

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वाराणसी। गंगा घाटों पर सेल्फी और वीडियो बनाने का बढ़ता क्रेज अब लोगों की जान पर भारी पड़ रहा है। पर्यटक और श्रद्धालु कभी स्नान के दौरान तो कभी नाव और क्रूज पर चढ़कर खतरनाक तरीके से फोटो और वीडियो बनाते नजर आते हैं। कई लोग लाइफ जैकेट पहनने से भी बचते हैं, जिसकी वजह से जरा सी लापरवाही बड़ा हादसा बन जा रही है। जनवरी से अप्रैल 2026 तक गंगा घाटों पर डूबने से आठ लोगों की मौत हो चुकी है, लेकिन इसके बावजूद लोग सतर्क नहीं हो रहे हैं।

सेल्फी लेते समय युवक की गई थी जान

कुछ दिनों पहले मान घाट पर एक युवक की डूबने से मौत हो गई थी। बताया गया कि युवक क्रूज पर चढ़कर सेल्फी और वीडियो बनाने में व्यस्त था। उसके दोनों हाथों में मोबाइल था। इसी दौरान एक नाव से दूसरी नाव पर जाते समय उसका पैर फिसल गया और वह गंगा में गिर गया। युवक नोएडा का रहने वाला था।

तुलसी और ललिता घाट सबसे ज्यादा संवेदनशील

बीते चार वर्षों के आंकड़ों के अनुसार तुलसी घाट और ललिता घाट पर सबसे अधिक हादसे हुए हैं। वर्ष 2023 में 46 हादसे, वर्ष 2022 में 37 हादसे, वर्ष 2024 में 37 हादसे और वर्ष 2025 में 32 हादसे दर्ज किए गए। वहीं वर्ष 2026 में अब तक दो बड़े हादसे हो चुके हैं।

मार्च 2026 में तुलसी घाट पर स्नान के दौरान गहरे पानी में चले जाने से गोरखपुर निवासी 18 वर्षीय निखिल और 12 वर्षीय आयुष की मौत हो गई थी। एनडीआरएफ और जल पुलिस की टीम ने घंटों सर्च ऑपरेशन चलाकर दोनों के शव बाहर निकाले थे।

इन घाटों को घोषित किया गया ब्लैक स्पॉट

नगर निगम और पुलिस प्रशासन ने कई घाटों को ब्लैक स्पॉट घोषित किया है। इनमें सामने घाट, तुलसी घाट, पंचगंगा घाट, मान घाट, अस्सी घाट, रीवा घाट, हरिश्चंद्र घाट, चेतसिंह घाट, नमो घाट, ललिता घाट, केदार घाट, सिंधिया घाट और शिवाला घाट समेत कई अन्य घाट शामिल हैं।

रोज पहुंचते हैं एक लाख से अधिक लोग

अस्सी घाट से लेकर नमो घाट तक प्रतिदिन एक लाख से अधिक श्रद्धालु और पर्यटक पहुंचते हैं। कई लोग नौकायन करते हैं तो कई गंगा स्नान और पूजा-अर्चना के लिए आते हैं। घाटों पर कई स्थानों पर पानी काफी गहरा और सीढ़ियां फिसलन भरी हैं, जिससे हादसों का खतरा लगातार बना रहता है।

प्रशासन ने बढ़ाई सुरक्षा व्यवस्था

एसीपी दशाश्वमेध अतुल अंजान त्रिपाठी ने बताया कि घाटों पर चेतावनी बोर्ड लगाए गए हैं और लगातार लोगों को जागरूक किया जा रहा है। रात में गश्त बढ़ाई गई है। इसके बावजूद लोग नियमों का पालन नहीं कर रहे हैं, इसलिए अतिरिक्त सुरक्षा इंतजाम किए जा रहे हैं। कई घाटों पर बैरिकेडिंग भी कराई जा रही है।

उन्होंने लोगों से अपील की कि गंगा घाटों पर सेल्फी और वीडियो बनाते समय सावधानी बरतें तथा नाव या क्रूज पर यात्रा करते समय लाइफ जैकेट जरूर पहनें।

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