मरीज ही नहीं व्यवस्था को भी है इलाज की जरूरत
मरीज ही नहीं व्यवस्था को भी है इलाज की जरूरत
मरीज ही नहीं व्यवस्था को भी है इलाज की जरूरत

बीकापुर/अयोध्या | सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में बाहर से दवा लिखने को लेकर बुधवार को जमकर हंगामा हुआ। अधीक्षक के हस्तक्षेप के बाद 10 वर्षीया बच्ची को चिकित्सालय से दिलाई गई। इस मामले को लेकर मरीजों में रोष है। चिकित्सक एस के मौर्या ने एक बच्चे की दवा पर्चे पर बाहर से लिख दी थी, जिस पर जमकर हंगामा हुआ। इस मामले की शिकायत अधीक्षक से हुई। अधीक्षक के हस्तक्षेप के बाद चिकित्सालय से दवा दिलाई गई तो हंगामा थमा और मरीज दवा लेकर अपने घर निकल गया। बताया गया कि स्थानीय तहसील व नगर पंचायत बीकापुर क्षेत्र के नासिरपुरमूसी निवासी अनीता पटवा अपनी बच्ची 10 वर्षीय सोनाली पटवा का उपचार करवाने बीकापुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले आई। उसने ओपीडी में ड्यूटी पर तैनात चिकित्सक एस के मौर्या को दिखलाया।

मरीज ही नहीं व्यवस्था को भी है इलाज की जरूरत

चिकित्सक परंपरागत तरीके से बाहर की दवाएं लिखता चला गया। यह दवा काफी महंगी थी। इसे लेकर हंगामा खड़ा हो गया। स्थिति यह हुई कि मामले की शिकायत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के अधीक्षक से की गई। उन्होंने मामले को गंभीरता से लेते हुए सरकारी दवाएं सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र से दिलाई और चिकित्सक को दिशा निर्देश जारी किया। उल्लेखनीय बात यह है कि स्थानीय बीकापुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में चिकित्सक अधिकांश दवाएं बाहर से लिखते हैं। यहां चिकित्सालय के चिकित्सा कक्ष में चिकित्सक के आसपास मेडिकल स्टोर के संचालक भी टहलते रहते हैं। जो चिकित्सकों को मोटीवेट कर मरीजों के पर्चा अपने हाथ लेकर निकल जाते हैं। इसी तरह से निरंतर सीएससी बीकापुर में भ्रष्टाचार का मामला सुर्खियों में रहा करता है एक पत्रकार की उलझने पर अभी सप्ताह भर पूर्व ही सीएससी बीकापुर में अधीक्षक रहे डॉक्टर खतीब अंसारी का 3 घंटे के अंदर तबादला हो गया उसके बाद सीएमओ अयोध्या ने अधीक्षक के पद पर बीकापुर सीएससी में अवधेश सिंह की तैनाती कर दी अभी सप्ताह भर नहीं बीते हैं की अधीक्षक को समझ पाए इसके पहले ही यहां पर तैनात एक चिकित्सक द्वारा ऐसे मामलों को अंजाम दिया जा रहा है ।इस मामले में जागरूक लोगों ने जिम्मेदार अधिकारियों का ध्यान आकृष्ट कर प्रभावी कार्यवाही की मांग की गई है।

Share this story