जेवरियाबाद ग्राम सभा के कोटेदार चयन पर विवाद, विजयी प्रत्याशी रविंद्र प्रताप सिंह ने आरोपों को बताया निराधार
चंदौली। बरहनी विकास खंड के अंतर्गत जेवरियाबाद ग्राम सभा में सहकारी सस्ते गल्ले की दुकान के चयन को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। चयन प्रक्रिया में विजयी घोषित किए गए रविंद्र प्रताप सिंह के खिलाफ विपक्षी पक्ष द्वारा अनियमितता और दबाव में चयन कराने के आरोप लगाए गए हैं। इस संबंध में विपक्षी प्रत्याशी विनीत कुमार एवं उनके समर्थकों ने समाधान दिवस में पहुंचकर एसडीएम से शिकायत कर जांच की मांग की है।
हालांकि, चयन प्रक्रिया से संबंधित प्रमाण पत्र में स्पष्ट उल्लेख है कि दिनांक 19 जून 2025 को जूनियर हाई स्कूल परिसर में अधिकारियों, कर्मचारियों एवं पुलिस की मौजूदगी में सहकारी सस्ते गल्ले की दुकान के चयन की प्रक्रिया संपन्न कराई गई। प्रमाण पत्र के अनुसार प्रत्याशी विनीत कुमार एवं रविंद्र प्रताप सिंह के समर्थकों की अलग-अलग लाइन लगाकर गणना की गई।
प्रमाण पत्र में दर्ज विवरण के मुताबिक सबसे पहले रविंद्र प्रताप सिंह के समर्थकों की गणना पूरी हुई। इसके बाद विनीत कुमार के समर्थकों की गणना शुरू होने से पहले ही उनके समर्थक वहां से चले गए। ऐसी स्थिति में उपस्थित लोगों द्वारा सर्वसम्मति से रविंद्र प्रताप सिंह पुत्र स्वर्गीय हरिद्वार सिंह के पक्ष में कोटेदार का चयन पारित कर दिया गया।
वहीं, मीडिया से बातचीत में रविंद्र प्रताप सिंह ने विपक्ष द्वारा लगाए जा रहे सभी आरोपों को सिरे से खारिज किया। उन्होंने कहा कि उन्हें किसी नेता या बाहरी दबाव के बल पर नहीं, बल्कि ग्राम सभा की जनता के समर्थन से विजय मिली है। उन्होंने कहा कि चयन प्रक्रिया प्रशासनिक अधिकारियों और पुलिस की निगरानी में पूरी पारदर्शिता के साथ संपन्न हुई थी।
रविंद्र प्रताप सिंह ने कहा की गांव की जनता ने मुझ पर भरोसा जताया है और उसी भरोसे के आधार पर मेरा चयन हुआ है। मेरे खिलाफ लगाए जा रहे आरोप पूरी तरह बेबुनियाद और राजनीतिक प्रेरित हैं।
