Maratha Quota: हिंसक हुआ मराठा आरक्षण आंदोलन, प्रदर्शनकारियों ने जलाया एनसीपी विधायक का घर
महाराष्ट्र में पिछले कई दिनों से मराठा आरक्षण को लेकर आंदोलन हो रहे हैं। अब यह आंदोलन हिंसक होते जा रहे हैं। इसी दौरान कुछ आंदोलनकारियों ने एनसीपी विधायक प्रकाश सोलंके के आवास पर तोड़फोड़ की और आग के हवाले कर दिया।
Maratha Quota: महाराष्ट्र में मराठा आरक्षण आंदोलन की आग भड़कती ही जा रही है। मराठा आरक्षण के लिए आंदोलन कर रहे आंदोलनकारी अब हिंसक हो गए हैं। उन्होंने बीड में एनसीपी विधायक प्रकाश सोलंके के आवास पर तोड़फोड़ की और उसमें आग लगा दी। लुच ही देर में आग पूरे घर में फैल गई और इसकी लपटें ऊंची उठने लगीं। वहीं इस आगजनी की घटना के बाद एनसीपी विधायक प्रकाश सोलंके ने कहा कि जब हमला हुआ तब मैं अपने घर के अंदर था। सौभाग्य से, मेरे परिवार का कोई भी सदस्य या कर्मचारी घायल नहीं हुआ। हम सभी सुरक्षित हैं लेकिन एक आग के कारण संपत्ति का भारी नुकसान हुआ।
Maharashtra NCP MLA Prakash Solanke, whose residence in Beed has been attacked by Maratha reservation protestors says, "I was inside my home when it was attacked. Fortunately, none of my family members or staff were injured. We are all safe but there is a huge loss of property… https://t.co/WBjTmWvP5r
— ANI (@ANI) October 30, 2023
आरक्षण की मांग को लेकर आगजनी
महाराष्ट्र में मराठा आरक्षण को लेकर माहौल गर्माता जा रहा है। राज्य में इसे लेकर अलग-अलग जगहों पर प्रदर्शन हो रहे हैं। बीड में ऐसे ही एक प्रदर्शन के दौरान प्रदर्शनकारियों ने राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के विधायक प्रकाश सोलंकी के आवास पर तोड़फोड़ की और वहाँ आग लगा दी। बता दे की प्रदर्शनकारियों ने महाराष्ट्र के बीड में एनसीपी विधायक प्रकाश सोलंके के आवास पर पहले तोड़फोड़ की और फिर घर में आग लगा दी थी आग ने देखते ही देखते पूरे घर को अपनी चपेट में ले लिया और इसमें से तेज लपटें और काला धुआं उठने लगा।
इस घटना का वीडियो न्यूज एजेंसी एएनआई ने जारी किया है। घर जलाए जाने की घटना के बाद प्रकाश सोलंके का बयान सामने आया है. उन्होंने कहा कि जिस समय प्रदर्शनकारियों ने उनके घर को आग के हवाले किया वह और उनका परिवार भीतर ही थे। उन्होंने कहा कि किस्मत से उनका परिवार और घर के सभी कर्मचारी पूरी तरह से सुरक्षित हैं। उनको इस घटना में कोई नुकसान नहीं पहुंचा है। लेकिन आग लगाए जाने से उनको काफी नुकसान हुआ है।
बता दे की इससे पहले शनिवार 28 अक्टूबर को तेली महासंघ के बैनर टेल हुई एक बैठक में भारतीय जनता पार्टी के सांसद ने कहा कि महाराष्ट्र सरकार को ओबीसी समुदाय के लिए मिले आरक्षण से अलग ही मराठाओं को आरक्षण देना चाहिए। उन्होंने कहा कि ओबीसी समाज को यह डर सता रहा है कि कहीं मराठों को आरक्षण ओबीसी के कोटे से ना दे दिया जाए।
मराठा आरक्षण पर तेली समुदाय को डर
उन्होंने कहा, 'जिसको जो आरक्षण है वो मिलना चाहिए। मराठा समाज को अलग से आरक्षण मिलना चाहिए।' भारतीय जनता पार्टी के सांसद रामदास तडस तेली महासंघ के अध्यक्ष हैं। तेली समुदाय के नेताओं का कहना है कि ओबीसी समाज को जो आरक्षण दिया गया है, उस आरक्षण में से मराठों को आरक्षण न दिया जाए। सांसद रामदास तडस ने कहा कि मुख्यमंत्री ने कई बार अश्वासन दिया है कि मराठों को आरक्षण दिया जाएगा, लेकिन मनोज जरांगे पाटिल अनशन तोड़ने का नाम नहीं ले रहे हैं। ऐसे लग रह है कि कोई पॉलिटिकल पार्टी उन्हें सपोर्ट कर रही है।
मनोज जरांगे पाटिल ने भी दी थी चेतावनी
वहीं इससे पहले वहीं मराठा आरक्षण आंदोलन के नेता मनोज जरांगे पाटिल ने शनिवार 14 अक्टूबर को जालना जिले में एक रैली का आयोजन करते हुए शिंदे सरकार को 10 दिन का अल्टीमेटम दिया था। इस रैली में उन्होंने ऐलान किया था कि 10 दिन बाद या तो विजय जुलूस निकलेगा या फिर मेरी अंतिम यात्रा निकलेगी।
इस घटना पर महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने भी प्रतिक्रिया दी। उन्होेंने कहा, "मनोज जरांगे पाटिल को देखना चाहिए कि उनके अनशन के बीच प्रदर्शन कहां जा रहे हैं। यह गलत दिशा की तरफ मुड़ रहे हैं।"
