विजयादशमी पर काशी विश्वनाथ धाम में निभाई गई शस्त्र पूजन की परंपरा

काशी विश्वनाथ धाम में विजयादशमी की विशेष पूजा, शस्त्रों का विधि-विधान से हुआ पूजन
 

वाराणसी। विजयादशमी के पावन अवसर पर श्री काशी विश्वनाथ धाम स्थित मंदिर चौक के सांस्कृतिक मंच पर पारंपरिक विधि-विधान के साथ शस्त्र पूजन समारोह का आयोजन किया गया। इस अवसर पर श्री काशी विश्वनाथ मंदिर न्यास की ओर से मुख्य कार्यपालक अधिकारी सत्यम मिश्र ने यजमान के रूप में शास्त्रोक्त विधि से शस्त्र पूजन संपन्न किया।

विजयादशमी का पर्व अधर्म पर धर्म, असत्य पर सत्य और बुराई पर अच्छाई की विजय का प्रतीक माना जाता है। भगवान श्रीराम की रावण पर विजय की स्मृति से जुड़ा यह पर्व लोगों को सत्य, साहस, कर्तव्यनिष्ठा और धर्म के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है। भारतीय संस्कृति में शस्त्र पूजन की परंपरा शक्ति, शौर्य और सुरक्षा के प्रति सम्मान का प्रतीक रही है।

समारोह के दौरान विधि-विधानपूर्वक शस्त्रों का पूजन किया गया। इस अवसर पर राष्ट्र की एकता, अखंडता, शांति और सुरक्षा की कामना की गई। शस्त्र पूजन की परंपरा के माध्यम से शस्त्रों के सदुपयोग तथा समाज, राष्ट्र और धर्म की रक्षा के प्रति उत्तरदायित्व का संदेश भी दिया गया।

श्री काशी विश्वनाथ धाम में आयोजित यह समारोह विजयादशमी के आध्यात्मिक, धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व को रेखांकित करने वाला रहा। आयोजन ने लोगों को सत्य, नैतिकता, साहस और कर्तव्य के मार्ग पर चलने की प्रेरणा दी।