अब काशी के और इलाकों में दौड़ेंगे नंदीरथ, स्मार्ट सिटी ने बनाई विस्तार की योजना
वाराणसी। काशी विश्वनाथ धाम आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा को और बेहतर बनाने के लिए वाराणसी नगर निगम एवं स्मार्ट सिटी परियोजना ने नंदीरथ (इलेक्ट्रिक गोल्फ कार्ट) सेवा के विस्तार की तैयारी शुरू कर दी है। वर्तमान में बेनियाबाग, मैदागिन और गोदौलिया से श्री काशी विश्वनाथ मंदिर के गेट नंबर-4 तक संचालित यह सेवा जल्द ही सोनारपुरा, रथयात्रा, कैंट, बीएचयू और छावनी जैसे प्रमुख क्षेत्रों तक विस्तारित की जाएगी। इसके लिए विभिन्न स्थानों पर चार्जिंग स्टेशन भी स्थापित किए जाएंगे।
फिलहाल स्मार्ट सिटी की देखरेख में 25 नंदीरथ संचालित किए जा रहे हैं। श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए भविष्य में इनकी संख्या बढ़ाने के साथ संचालन का दायरा भी विस्तारित किया जाएगा। यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए यातायात विभाग का भी सहयोग लिया जाएगा।
वर्तमान किराया व्यवस्था के अनुसार मैदागिन अथवा गोदौलिया से काशी विश्वनाथ मंदिर के गेट नंबर-4 तक यात्रा का किराया 10 रुपये निर्धारित है। मैदागिन से गेट नंबर-4 होते हुए गोदौलिया तक जाने पर 20 रुपये तथा बेनियाबाग से मंदिर तक पहुंचने के लिए भी 20 रुपये किराया देना होगा। वहीं पांच वर्ष तक के बच्चों, दिव्यांगजनों और 70 वर्ष या उससे अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिकों के लिए यह सेवा पूरी तरह निशुल्क है।
नंदीरथ सेवा प्रतिदिन सुबह 5 बजे से रात 9 बजे तक संचालित की जा रही है। वर्तमान में ई-रिक्शा एवं अन्य वाहनों को पीडीआर, गोदौलिया चौराहा और मैदागिन के आगे जाने की अनुमति नहीं है, ऐसे में नंदीरथ श्रद्धालुओं के लिए सुविधाजनक विकल्प बनकर उभरा है।
दो प्रकार के नंदीरथ उपलब्ध
अभी दो प्रकार के इलेक्ट्रिक नंदीरथ संचालित किए जा रहे हैं। एक वाहन में 6 यात्रियों तथा दूसरे में 9 यात्रियों के बैठने की क्षमता है। काशी विश्वनाथ धाम के लोकार्पण के बाद लगातार बढ़ रहे श्रद्धालुओं और पर्यटकों की संख्या को देखते हुए पर्यावरण अनुकूल इस सेवा को और विस्तारित किया जा रहा है।
अधिकारी का बयान
नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने बताया कि स्मार्ट सिटी की देखरेख में वर्तमान में 25 नंदीरथ संचालित किए जा रहे हैं। चार्जिंग स्टेशन स्थापित होने के बाद इनकी संख्या बढ़ाई जाएगी और सेवा का विस्तार शहर के अन्य प्रमुख क्षेत्रों तक किया जाएगा।