वाराणसी में 60 घंटे का रूट डायवर्जन लागू, आज रात 8 बजे से नो-एंट्री! सिर्फ कांवड़ वाहनों को मिलेगी अनुमति

 वाराणसी में सावन और कांवड़ यात्रा को देखते हुए आज रात 8 बजे से 60 घंटे का रूट डायवर्जन लागू होगा। चांदपुर से मोहनसराय तक नो-एंट्री रहेगी, केवल कांवड़ वाहनों को अनुमति मिलेगी।
 

वाराणसी। सावन माह में श्री काशी विश्वनाथ मंदिर और शहर के प्रमुख शिवालयों में बढ़ती श्रद्धालुओं एवं कांवड़ियों की भीड़ को देखते हुए वाराणसी यातायात पुलिस ने 60 घंटे का विशेष रूट डायवर्जन लागू करने का निर्णय लिया है।

यह व्यवस्था शनिवार रात 8 बजे से मंगलवार सुबह 8 बजे तक प्रभावी रहेगी। इस दौरान चांदपुर चौराहे से मोहनसराय तक कांवड़ वाहनों को छोड़कर अन्य सभी वाहनों के प्रवेश पर प्रतिबंध रहेगा।

यातायात पुलिस के अनुसार, वाराणसी सीमा के गुड़िया बॉर्डर, रखौना अंडरपास, राजातालाब, मोहनसराय और मुडला तिराहा से चांदपुर तक बाईं लेन पूरे सावन माह में केवल कांवड़ियों के वाहनों के लिए आरक्षित रहेगी। इसके अलावा रविवार और सोमवार की रात 11 बजे खुलने वाली नियमित नो-एंट्री भी इस बार नहीं खोली जाएगी।

हालांकि आवश्यक सेवाओं को राहत देते हुए सब्जी, फल, दूध और एलपीजी गैस की आपूर्ति करने वाले वाहनों को प्रतिबंध से छूट दी गई है, ताकि आम जनता को जरूरी सामान की उपलब्धता प्रभावित न हो।

अपर पुलिस उपायुक्त (यातायात) अंशुमान मिश्रा ने बताया कि इस अवधि में शहर में अंतरजनपदीय बसों, ट्रकों और अन्य भारी वाहनों का प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। गाजीपुर, मऊ, आजमगढ़, जौनपुर, चंदौली, प्रयागराज और भदोही की ओर से आने वाले वाहनों को रिंग रोड और राष्ट्रीय राजमार्ग-19 (NH-19) के जरिए डायवर्ट किया जाएगा।

रोडवेज और निजी बसों के लिए भी वैकल्पिक मार्ग तय किए गए हैं। प्रयागराज, मीरजापुर और सोनभद्र की ओर से आने वाली बसें राष्ट्रीय राजमार्ग-19 से हरहुआ होते हुए शहर में प्रवेश करेंगी। वहीं गाजीपुर, आजमगढ़ और जौनपुर की ओर से आने वाली बसों को हरहुआ, गिलट बाजार, शिवपुर चुंगी, फुलवरिया और लहरतारा के रास्ते कैंट बस स्टेशन तक संचालित किया जाएगा।

यातायात पुलिस ने श्रद्धालुओं और आम नागरिकों से अपील की है कि यात्रा से पहले रूट डायवर्जन की जानकारी अवश्य लें और निर्धारित वैकल्पिक मार्गों का ही उपयोग करें, ताकि कांवड़ यात्रा सुरक्षित एवं सुचारु रूप से संपन्न हो सके।