चंदौली में किसानों के मुद्दों पर गरमाया माहौल, अरुण सिंह ने उठाई आवाज, हल्ला बोल धरने का ऐलान
चंदौली। उत्तर प्रदेश के चंदौली जिले को भले ही ‘धान का कटोरा’ कहा जाता है, लेकिन किसानों की समस्याएं अभी भी पूरी तरह खत्म नहीं हुई हैं। बरहनी विकासखंड के भदखरी गांव निवासी किसान अरुण सिंह ने क्षेत्र के किसानों से जुड़े मुद्दों को लेकर आवाज उठाते हुए शासन-प्रशासन का ध्यान आकर्षित करने की बात कही है। किसानों की समस्याओं को लेकर अब किसान युवा विकास मंच के बैनर तले हल्ला बोल धरना आयोजित करने की तैयारी है।
खेती और किसानों से जुड़े मुद्दे उठाने की तैयारी
अरुण सिंह का कहना है कि बरहनी विकासखंड के नरवन परगना क्षेत्र में बड़ी संख्या में परिवार खेती-किसानी पर निर्भर हैं। किसानों के सामने खेती, सिंचाई, जमीन और क्षेत्र में चल रही विकास परियोजनाओं से संबंधित कई चुनौतियां हैं। उनका कहना है कि इन समस्याओं को सामने लाना किसी व्यक्तिगत प्रचार का विषय नहीं, बल्कि किसानों की आवाज को संबंधित अधिकारियों और शासन तक पहुंचाने का प्रयास है।
विकास परियोजनाओं में जमीन जाने पर मुआवजे की मांग
क्षेत्र में प्रस्तावित और निर्माणाधीन विंध्य एक्सप्रेसवे समेत अन्य विकास परियोजनाओं का जिक्र करते हुए अरुण सिंह ने कहा कि विकास कार्यों का विरोध नहीं है, लेकिन परियोजनाओं के लिए किसानों की जमीन लिए जाने की स्थिति में प्रक्रिया पारदर्शी होनी चाहिए।
उन्होंने किसानों को उचित मुआवजा, उनकी आजीविका का ध्यान रखने और भविष्य के लिए समुचित व्यवस्था किए जाने की मांग उठाई। उनका कहना है कि जमीन किसानों के लिए केवल संपत्ति नहीं, बल्कि उनके परिवार की आय और जीवन-यापन का प्रमुख आधार है।
किसान युवा विकास मंच के बैनर तले होगा धरना
किसानों की समस्याओं को लेकर अब किसान युवा विकास मंच के बैनर तले हल्ला बोल धरना आयोजित करने की बात कही गई है। धरने के माध्यम से किसानों से जुड़े विभिन्न मुद्दों को प्रमुखता से उठाकर शासन-प्रशासन तक उनकी मांग पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा।
अरुण सिंह ने कहा कि किसानों की समस्याओं को लेकर केवल बातचीत तक सीमित रहने के बजाय लोकतांत्रिक तरीके से अपनी बात सामने रखना जरूरी है। उन्होंने कहा कि किसान देश की अर्थव्यवस्था की महत्वपूर्ण कड़ी हैं और उनके हितों की रक्षा करना सरकार एवं प्रशासन की जिम्मेदारी है।
किसानों से एकजुट होने की अपील
अरुण सिंह ने क्षेत्र के किसानों से अपने अधिकारों और समस्याओं को लेकर एकजुट होने की अपील की। उन्होंने कहा कि किसान युवा विकास मंच के नेतृत्व में होने वाले धरने के जरिए किसानों की मांगों को मजबूती से उठाया जाएगा और संबंधित अधिकारियों का ध्यान इस ओर आकर्षित किया जाएगा।