चहनिया PHC में कूड़े के ढेर में मिली बच्चों की सरकारी दवाएं, वीडियो वायरल होने पर जांच के आदेश

चंदौली के चहनिया प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में बच्चों की सरकारी दवाएं कूड़े के ढेर में मिलने का मामला सामने आया है। वीडियो वायरल होने के बाद सीएमओ ने जांच के आदेश दिए हैं और डिप्टी सीएमओ से रिपोर्ट तलब की है।
 
 

चंदौली। चहनिया प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) से सामने आई एक तस्वीर ने स्वास्थ्य विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। बच्चों को वितरित किए जाने वाली सरकारी दवाएं कथित तौर पर कूड़े के ढेर में पड़ी मिलीं, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। मामला सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया है।

स्थानीय लोगों के अनुसार, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र परिसर के पास बड़ी मात्रा में दवाएं फेंकी हुई मिलीं। वायरल वीडियो में दावा किया गया है कि इनमें से कई दवाओं की एक्सपायरी डेट अभी बाकी है। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि यदि दवाएं उपयोग योग्य थीं तो उन्हें कूड़े में क्यों फेंका गया।

मामले में स्वास्थ्य केंद्र के फार्मासिस्ट का कहना है कि दवाएं बच्चों के वितरण के लिए रखी गई थीं। हालांकि यह स्पष्ट नहीं हो सका कि वितरण के लिए रखी गई दवाएं कूड़े के ढेर तक कैसे पहुंचीं। वहीं स्वास्थ्य केंद्र प्रभारी की ओर से भी मामले पर कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिल पाया है।

घटना का वीडियो वायरल होने के बाद मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. परितोष मिश्रा ने मामले का संज्ञान लेते हुए जांच के आदेश जारी कर दिए हैं। डिप्टी सीएमओ को पूरे प्रकरण की जांच कर विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।

स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों का कहना है कि जांच रिपोर्ट आने के बाद यदि किसी प्रकार की लापरवाही या अनियमितता सामने आती है तो जिम्मेदार कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

फिलहाल चहनिया प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का यह मामला क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है और लोग स्वास्थ्य सेवाओं की पारदर्शिता को लेकर सवाल उठा रहे हैं। अब सभी की निगाहें जांच रिपोर्ट और विभागीय कार्रवाई पर टिकी हैं।