बरसात से पहले स्वास्थ्य विभाग अलर्ट! धानापुर में आशा-आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को मिला विशेष प्रशिक्षण, टीबी से रेबीज तक बचाव के बताए उपाय
चंदौली। बरसात के मौसम में संचारी रोगों की रोकथाम को लेकर स्वास्थ्य विभाग ने धानापुर ब्लॉक परिसर स्थित सभागार में संचारी रोग नियंत्रण अभियान के तहत जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया। कार्यक्रम में आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को विभिन्न संक्रामक रोगों की पहचान, बचाव और समय पर उपचार के संबंध में विस्तृत जानकारी दी गई।
स्वास्थ्य अधिकारियों ने बताया कि यदि किसी व्यक्ति को दो सप्ताह से अधिक समय तक खांसी, लगातार बुखार, क्षय रोग (टीबी), फाइलेरिया, कुपोषण या कुष्ठ रोग जैसे लक्षण दिखाई दें तो उसकी पहचान कर तत्काल नजदीकी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) भेजा जाए, ताकि समय रहते उपचार शुरू किया जा सके।
अभियान के दौरान सभी आंगनबाड़ी केंद्रों को ओआरएस (ORS) डिपो के रूप में विकसित किए जाने की जानकारी दी गई। अधिकारियों ने बताया कि प्रत्येक केंद्र पर ओआरएस घोल उपलब्ध रहेगा, जिससे दस्त और डिहाइड्रेशन जैसी समस्याओं से पीड़ित लोगों को तत्काल राहत मिल सके।
प्रशिक्षण में रेबीज से बचाव के उपायों पर भी विशेष जोर दिया गया। कार्यकर्ताओं को बताया गया कि यदि किसी व्यक्ति को कुत्ता, बिल्ली या बंदर काट ले तो सबसे पहले घाव को कम से कम 15 मिनट तक साबुन और साफ पानी से अच्छी तरह धोना चाहिए। इसके बाद तत्काल मरीज को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा जाए, जहां रेबीज रोधी इंजेक्शन निःशुल्क उपलब्ध हैं।
कार्यक्रम में बीसीपीएम विनय कुमार, एचईओ कलिका प्रसाद, एआरओ इंद्रजीत, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र धानापुर के अधीक्षक, आईसीडीएस की शकुंतला देवी, चंद्राकला सहित स्वास्थ्य एवं बाल विकास विभाग के कई अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे। अधिकारियों ने कार्यकर्ताओं से गांव-गांव जाकर लोगों को साफ-सफाई, स्वच्छ पेयजल और संचारी रोगों से बचाव के प्रति जागरूक करने का आह्वान किया।