सैयदराजा नगर पंचायत के विकास कार्यों की जांच को लेकर भाजपा नेताओं में बढ़ी तकरार

 

चंदौली। सैयदराजा नगर पंचायत में कराए गए विकास कार्यों की जांच को लेकर भारतीय जनता पार्टी के पूर्व चेयरमैन और वर्तमान चेयरमैन के बीच विवाद तेज हो गया है। मंगलवार को नगर पंचायत के पूर्व चेयरमैन शंकर प्रसाद जायसवाल जिलााधिकारी कार्यालय पहुंचे और नगर पंचायत में पिछले लगभग 15 माह के दौरान कराए गए विकास कार्यों में कथित वित्तीय अनियमितताओं, सरकारी धन के दुरुपयोग तथा अन्य गड़बड़ियों की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की।

जिलाधिकारी को दिए गए प्रार्थना पत्र में उन्होंने आरोप लगाया कि वर्तमान चेयरमैन के खिलाफ जांच शुरू होने के बावजूद गठित जांच समिति ने अब तक नगर पंचायत के कार्यवाही रजिस्टर, प्रस्ताव रजिस्टर, स्टीमेट, माप पुस्तिका, भुगतान विवरण, निविदा अभिलेख तथा अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेज अपने कब्जे में नहीं लिए हैं। उनका कहना है कि इससे अभिलेखों में हेराफेरी, साक्ष्यों से छेड़छाड़ अथवा दस्तावेज नष्ट किए जाने की आशंका बनी हुई है, जिससे निष्पक्ष जांच प्रभावित हो सकती है।

पूर्व चेयरमैन ने मांग की कि नगर पंचायत से संबंधित सभी मूल अभिलेखों को तत्काल सुरक्षित कब्जे में लेकर उनकी सूची तैयार की जाए, ताकि जांच पूरी पारदर्शिता के साथ संपन्न हो सके और किसी भी प्रकार की गड़बड़ी की संभावना समाप्त हो।

उन्होंने कहा कि जिला स्तर पर जांच समिति गठित होने के बाद भी कार्रवाई अपेक्षित गति से नहीं हो रही है। उनका आरोप है कि नगर पंचायत सैयदराजा में व्यापक स्तर पर भ्रष्टाचार हुआ है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मामले की निष्पक्ष जांच नहीं कराई गई तो वह न्यायालय का दरवाजा खटखटाकर पूरे मामले को उजागर करेंगे।