डिजिटल लेनदेन पर टैक्स के विरोध में कांग्रेस ने सौंपा ज्ञापन
चंदौली। डिजिटल लेनदेन पर शुल्क लगाए जाने के विरोध में जिला कांग्रेस कमेटी चंदौली ने शुक्रवार को जिलाध्यक्ष अरुण द्विवेदी के नेतृत्व में प्रदर्शन कर जिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा। कांग्रेस नेताओं ने सरकार से डिजिटल भुगतान व्यवस्था पर प्रस्तावित शुल्क को वापस लेने की मांग की।
जिलाध्यक्ष अरुण द्विवेदी ने कहा कि डिजिटल भुगतान व्यवस्था को सरल, सुलभ और आम नागरिकों के साथ छोटे एवं मध्यम व्यापारियों के हित में बनाए रखना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि डिजिटल लेनदेन पर किसी भी प्रकार का अतिरिक्त शुल्क आम लोगों और व्यापारियों पर आर्थिक बोझ बढ़ा सकता है। कांग्रेस ने ज्ञापन के माध्यम से राष्ट्रपति से सरकार को इस व्यवस्था को वापस लेने के निर्देश देने की मांग की।
उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव एवं अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सदस्य देवेंद्र प्रताप सिंह मुन्ना ने कहा कि महंगाई और आर्थिक चुनौतियों के बीच व्यापारियों पर अतिरिक्त लागत का असर पड़ सकता है। उन्होंने कहा कि 2,000 रुपये से अधिक के कुछ P2M (Person to Merchant) डिजिटल लेनदेन पर मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) लागू किए जाने की चर्चा से व्यापारिक संगठनों में चिंता है। कांग्रेस ने सरकार से इस संबंध में स्थिति स्पष्ट करने और व्यापारियों पर अतिरिक्त आर्थिक भार नहीं डालने की मांग की।
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि डिजिटल भुगतान को बढ़ावा देने के लिए ऐसी व्यवस्था जरूरी है, जिससे आम उपभोक्ताओं और व्यापारियों को सुविधा मिले तथा लेनदेन की लागत उनके लिए बाधा न बने।
ज्ञापन सौंपने के दौरान बृजेश गुप्ता, मधु राय, रामानंद यादव, रजनीकांत पांडेय, राजेंद्र गौतम, सतीश बिंद, गंगा प्रसाद, मुनीर खान, राममूरत गुप्ता, दयाराम पटेल, शाहिद तौसीफ, माधवेंद्र मूर्ति ओझा, नवीन पांडेय, शिवेंद्र मिश्रा, शिव तपस्या तिवारी, राधेश्याम यदुवंशी, श्रीकांत पाठक, दीनदयाल विश्वकर्मा, प्रेमचंद गुप्ता, अमरदेव राम, रामौतार यादव, राकेश सिंह, राकेश पाठक, असगर अली, गुड्डू प्रकाश शर्मा, विकास खरवार, शमशेर खान, भोला खरवार और संतोष चौबे सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे।