24 घंटे में लापता 3 नाबालिग बच्चे सकुशल बरामद, मुगलसराय पुलिस की त्वरित कार्रवाई

चंदौली के मुगलसराय क्षेत्र से लापता 3 नाबालिग बच्चों को पुलिस ने 24 घंटे के भीतर गाजीपुर से सकुशल बरामद किया। Akash Patel के निर्देशन में हुई कार्रवाई में खुलासा हुआ कि बच्चे पारिवारिक विवाद के चलते घर छोड़कर गए थे।

 

चंदौली के मुगलसराय क्षेत्र से लापता 3 नाबालिग बच्चों को पुलिस ने 24 घंटे के भीतर गाजीपुर से सकुशल बरामद किया। Akash Patel के निर्देशन में हुई कार्रवाई में खुलासा हुआ कि बच्चे पारिवारिक विवाद के चलते घर छोड़कर गए थे।

चंदौली। जनपद के थाना मुगलसराय क्षेत्र में लापता हुए तीन नाबालिग बच्चों को पुलिस ने महज 24 घंटे के भीतर सकुशल बरामद कर लिया। इस सराहनीय कार्यवाही में थाना मुगलसराय पुलिस और स्वाट/सर्विलांस टीम की अहम भूमिका रही।

मामले की जानकारी देते हुए पुलिस ने बताया कि 14 अप्रैल 2026 को कंकड़हिया नई बस्ती निवासी नवाब अली ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उनकी नाबालिग पुत्री तथा रिश्तेदार के दो अन्य बच्चे 13 अप्रैल को सेंट डेवियर स्कूल, बेचूपुर जाने के बाद घर वापस नहीं लौटे।

इस सूचना पर तत्काल मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की गई। पुलिस अधीक्षक Akash Patel के निर्देशन में अपर पुलिस अधीक्षक अनंत चन्द्रशेखर और क्षेत्राधिकारी पीडीडीयू नगर अरुण  कुमार सिंह के पर्यवेक्षण में पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई की।

सीसीटीवी और तकनीकी साक्ष्यों से मिला सुराग

थानाध्यक्ष विजय प्रताप सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने घटनास्थल और आसपास के इलाकों के सीसीटीवी फुटेज और अन्य तकनीकी साक्ष्यों का विश्लेषण किया। जांच के दौरान बच्चों की लोकेशन जनपद गाजीपुर के मिश्र बाजार क्षेत्र में मिली।

इसके बाद पुलिस टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए कपूर नगर, मिश्र बाजार से तीनों बच्चों को सकुशल बरामद कर लिया।

पारिवारिक विवाद के चलते घर छोड़कर गए थे बच्चे

पूछताछ में सामने आया कि नाबालिग बालिका अपने पिता द्वारा शराब के सेवन के बाद विवाद और माता द्वारा मारपीट से परेशान होकर घर से चली गई थी। उसके साथ करीबी संबंध के चलते अन्य दो बच्चे भी स्वेच्छा से उसके साथ चले गए थे।

पुलिस जांच में यह स्पष्ट हुआ कि बच्चों का अपहरण या किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा बहला-फुसलाकर ले जाने जैसी कोई घटना नहीं हुई है।

बाल कल्याण समिति के समक्ष पेशी

बरामद बच्चों को नियमानुसार बाल कल्याण समिति (CWC) के समक्ष प्रस्तुत किया जा रहा है, जहां उनके संरक्षण और अभिरक्षा को लेकर निर्णय लिया जाएगा। बालिका ने अपने नाना के साथ रहने की इच्छा जताई है।

अभिभावकों को चेतावनी, पुलिस करेगी निगरानी

पुलिस अधीक्षक द्वारा संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि बच्चों के अभिभावकों को सख्त चेतावनी दी जाए। साथ ही भविष्य में बीट पुलिस द्वारा नियमित निगरानी रखी जाएगी, ताकि ऐसी घटना दोबारा न हो।

बरामदगी करने वाली टीम

इस ऑपरेशन में थानाध्यक्ष विजय प्रताप सिंह, उप निरीक्षक सीताराम यादव, उप निरीक्षक मनोज कुमार तिवारी, महिला हेड कांस्टेबल शशि किरण राय तथा स्वाट/सर्विलांस टीम के सदस्य शामिल रहे।