ईद-उल-जुहा पर शहर में हाई अलर्ट, चप्पे-चप्पे पर पुलिस की नजर

 
एसएसपी, एडीएम सिटी व एसपी सिटी ने खुद संभाली कमान, मस्जिदों के आसपास सघन निगरानी

गोरखपुर। ईद-उल-जुहा (बकरीद) के पावन अवसर पर शहर में शांति, सुरक्षा और सौहार्द बनाए रखने के लिए प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में नजर आया। नमाज के दौरान किसी भी प्रकार की अव्यवस्था न हो, इसके लिए वरिष्ठ अधिकारी खुद फील्ड में उतरकर हालात का जायजा लेते रहे और सुरक्षा व्यवस्था की कमान संभाले रहे।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. कोस्तुभ, एडीएम सिटी गजेंद्र कुमार एवं पुलिस अधीक्षक नगर निमिष पाटिल ने नगर क्षेत्र के प्रमुख मस्जिदों, ईदगाहों और संवेदनशील स्थलों का भ्रमण किया। अधिकारियों ने नमाज के समय मस्जिदों के आसपास डटे रहकर सुरक्षा व्यवस्था की बारीकी से निगरानी की और मौके पर तैनात पुलिस बल को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।


शहर के संवेदनशील इलाकों में विशेष सतर्कता बरती गई। मस्जिदों के आसपास पर्याप्त संख्या में पुलिस बल की तैनाती की गई थी, जिसमें पीएसी और स्थानीय पुलिस के जवान शामिल रहे। इसके अलावा सादे कपड़ों में भी पुलिसकर्मी तैनात किए गए थे, जो भीड़ में रहकर संदिग्ध गतिविधियों पर नजर बनाए हुए थे। प्रमुख चौराहों और भीड़भाड़ वाले स्थानों पर बैरिकेडिंग कर यातायात को नियंत्रित किया गया, जिससे नमाज के दौरान किसी प्रकार की दिक्कत न हो।


नमाज के समय अधिकारियों ने लगातार भ्रमण कर यह सुनिश्चित किया कि सभी व्यवस्थाएं सुचारु रूप से चल रही हैं। उन्होंने ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों को सतर्क रहने, आपसी समन्वय बनाए रखने और किसी भी आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई करने के निर्देश दिए। साथ ही, सोशल मीडिया पर भी निगरानी रखने के निर्देश दिए गए, ताकि किसी भी प्रकार की अफवाह फैलने से रोका जा सके।
प्रशासन की मुस्तैदी और सुरक्षा के पुख्ता इंतजामों के चलते पूरे नगर क्षेत्र में बकरीद की नमाज शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में सम्पन्न हुई। कहीं से भी किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली, जिससे प्रशासन ने राहत की सांस ली।


अधिकारियों ने आमजन से अपील की कि वे आपसी भाईचारे और शांति के साथ त्योहार मनाएं तथा किसी भी प्रकार की भ्रामक सूचना पर ध्यान न दें। उन्होंने कहा कि यदि कहीं भी कोई संदिग्ध गतिविधि दिखाई दे तो तत्काल पुलिस को सूचित करें।


प्रशासन ने शहरवासियों के सहयोग की सराहना करते हुए कहा कि जनता और पुलिस के समन्वय से ही ऐसे बड़े पर्व शांति और व्यवस्थित तरीके से सम्पन्न हो पाते हैं। भविष्य में भी इसी प्रकार सहयोग बनाए रखने की अपेक्षा जताई गई।