गोरखपुर में गोलीकांड के बाद 2 लाख की लूट का दावा, पुलिस जांच में कहानी पर उठे कई सवाल...
गोरखपुर। खजनी थाना क्षेत्र के छताई पुल के पास मंगलवार देर रात गोली लगने से कंबल कारखाने में काम करने वाला रोशन सिंह गंभीर रूप से घायल हो गया। गोली उसके सीने में लगी।
घटना के बाद रोशन ने अपने साथ दो लाख रुपये की लूट होने का दावा किया, लेकिन पुलिस की शुरुआती जांच में इस दावे को लेकर कई सवाल सामने आए हैं।
स्थानीय लोगों की सूचना पर 108 एंबुलेंस मौके पर पहुंची। पायलट मनीष सिंह और एमटी आज्ञा राम ने घायल को जिला अस्पताल पहुंचाया। गंभीर हालत को देखते हुए बाद में उसका इलाज मेडिकल कॉलेज में कराया जा रहा है।
रोशन ने पुलिस को बताया कि उसके पास दो लाख रुपये थे, जिन्हें गोली मारने वाले बदमाश लूट ले गए। हालांकि, जांच के दौरान उसके बैंक खातों की जानकारी खंगाली गई तो दो लाख रुपये की किसी निकासी का तथ्य सामने नहीं आया।
पुलिस उस व्यक्ति के बारे में भी जानकारी जुटा रही है, जिससे रोशन ने रुपये लेने की बात कही थी। बताया जा रहा है कि संबंधित व्यक्ति ने रोशन को दो लाख रुपये देने से इनकार किया है। इसके बाद पुलिस के सामने सबसे बड़ा सवाल यही है कि घटना के समय रोशन के पास वास्तव में दो लाख रुपये थे या नहीं।
पुलिस अब रोशन के दावे को अलग-अलग साक्ष्यों से मिलाकर देख रही है। बैंक खातों की जांच के अलावा कथित लेन-देन से जुड़े लोगों के बयान लिए जा रहे हैं। पुलिस यह भी पता लगा रही है कि अगर किसी व्यक्ति से रुपये लिए गए थे तो उसका कोई रिकॉर्ड, बातचीत या अन्य साक्ष्य मौजूद है या नहीं।
जांच एजेंसियां इस संभावना को भी ध्यान में रख रही हैं कि गोली मारने की घटना के पीछे आपसी विवाद, लेन-देन या पुरानी रंजिश जैसा कोई दूसरा कारण हो सकता है और बाद में लूट की बात सामने आई हो। हालांकि, जांच पूरी होने से पहले किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी।
पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण करने के साथ आसपास के लोगों से पूछताछ शुरू कर दी है। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है।
पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि घटना के समय मौके पर कौन-कौन मौजूद था, गोली किसने चलाई और हमलावर वारदात के बाद किस दिशा में भागे।
पुलिस यह भी जांच कर रही है कि क्या रोशन को किसी व्यक्ति ने बातचीत के बहाने छताई पुल के पास बुलाया था। इसके अलावा उसके किसी से विवाद या पैसों के लेन-देन की जानकारी भी जुटाई जा रही है।
गोली लगने के बाद रोशन सड़क किनारे गंभीर हालत में मिला था। सूचना पर एंबुलेंस मौके पर पहुंची और उसे अस्पताल ले जाया गया। फिलहाल उसका इलाज मेडिकल कॉलेज में चल रहा है।
पुलिस के लिए अब घायल का बयान, मेडिकल रिपोर्ट, बैंक खातों की जानकारी, सीसीटीवी फुटेज और संबंधित लोगों के बयान अहम कड़ियां हैं।
इन सभी साक्ष्यों के आधार पर ही यह साफ होगा कि मामला वास्तव में दो लाख रुपये की लूट का है या गोलीकांड के पीछे कोई दूसरा विवाद छिपा है।