Raksha Bandhan 2026: कल बंधेगी प्यार की डोर, भाई की कलाई पर सजेगा बहन का प्यार, बाजारों में बढ़ी रौनक

रक्षाबंधन की तैयारियां तेज: बाजारों में सजी रंग-बिरंगी राखियां, खरीदारी को उमड़ी भीड़
 
 भाई-बहन के अटूट प्रेम का पर्व कल, राखियों से गुलजार हुए बाजार

Raksha Bandhan 2026: भाई-बहन के अटूट प्रेम और विश्वास का पर्व रक्षाबंधन कल मनाया जाएगा। त्योहार को लेकर घरों से लेकर बाजारों तक उत्साह का माहौल है। रंग-बिरंगी राखियों से सजी दुकानें लोगों को आकर्षित कर रही हैं। बहनें अपने भाइयों की कलाई पर राखी बांधने के लिए पसंदीदा राखियों की खरीदारी में जुटी हैं, वहीं भाई भी बहनों के लिए उपहार खरीदने की तैयारी में हैं।

रक्षाबंधन सिर्फ राखी बांधने का पर्व नहीं, बल्कि भाई-बहन के स्नेह, विश्वास और एक-दूसरे के प्रति जिम्मेदारी का प्रतीक माना जाता है। इस दिन बहनें भाई की कलाई पर राखी बांधकर उसकी सुख-समृद्धि और लंबी उम्र की कामना करती हैं। भाई भी बहन की रक्षा और हर परिस्थिति में उसका साथ देने का संकल्प लेते हैं।

त्योहार को लेकर बाजार में पारंपरिक राखियों के साथ बच्चों के लिए कार्टून, आकर्षक डिजाइन और फैंसी राखियों की भी मांग है। कई दुकानों पर रक्षाबंधन के विशेष उपहार और मिठाइयों की भी बिक्री तेज हो गई है। दूर रहने वाले भाई-बहनों ने भी त्योहार को खास बनाने की तैयारी शुरू कर दी है।

रक्षाबंधन के मौके पर घरों में विशेष पकवान और मिठाइयां बनाने की भी तैयारी है। सुबह से ही बहनें पूजा की थाली सजाकर भाई को तिलक करेंगी, आरती उतारेंगी और उसकी कलाई पर राखी बांधेंगी। इसके बाद भाई बहन को उपहार देकर उसके सुख-दुख में साथ खड़े रहने का भरोसा देगा।

रक्षाबंधन क्यों है खास?

रक्षाबंधन भारतीय संस्कृति में भाई-बहन के रिश्ते को समर्पित प्रमुख त्योहारों में से एक है। यह पर्व परिवार में प्रेम, अपनापन और आपसी विश्वास को मजबूत करने का संदेश देता है। समय के साथ त्योहार मनाने के तरीकों में बदलाव आया है, लेकिन भाई-बहन के रिश्ते की भावनात्मक मिठास आज भी बरकरार है।

रक्षाबंधन पर एक बार फिर कलाई पर सजेगी राखी और रिश्तों में घुलेगा प्यार का रंग।

भाई-बहन के प्रेम का त्योहार,

रक्षाबंधन पर सजेगा रिश्तों का संसार।