CBSE का बड़ा फैसला! पुनर्मूल्यांकन शुल्क घटाकर 100 रुपये किया, छात्रों को बड़ी राहत
नई दिल्ली। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने छात्रों को बड़ी राहत देते हुए पुनर्मूल्यांकन और उत्तर पुस्तिका सत्यापन प्रक्रिया को पहले से अधिक सस्ता और आसान बना दिया है। ऑन-स्क्रीन मार्किंग को लेकर चल रही चर्चाओं के बीच बोर्ड ने फीस में भारी कटौती का फैसला लिया है।
सीबीएसई सचिव संजय कुमार ने बताया कि अब छात्र अपनी उत्तर पुस्तिका देखने के लिए केवल 100 रुपये शुल्क देंगे। वहीं उत्तर पुस्तिका सत्यापन के लिए भी 100 रुपये और किसी प्रश्न के पुनर्मूल्यांकन के लिए मात्र 25 रुपये शुल्क निर्धारित किया गया है।
बोर्ड ने यह भी स्पष्ट किया है कि यदि पुनः जांच के दौरान छात्र के अंक बढ़ते हैं या संशोधित होते हैं, तो जमा किया गया पूरा शुल्क वापस कर दिया जाएगा। सीबीएसई का कहना है कि शिक्षा मंत्रालय और बोर्ड के लिए छात्रों का हित सर्वोपरि है और किसी भी छात्र को यह महसूस नहीं होना चाहिए कि उसे उसके प्रदर्शन के अनुसार अंक नहीं मिले।
पहले कितना था शुल्क?
इससे पहले उत्तर पुस्तिका की स्कैन कॉपी प्राप्त करने के लिए प्रति विषय 700 रुपये शुल्क देना पड़ता था। वहीं त्रुटि सत्यापन के लिए 500 रुपये प्रति कॉपी और पुनर्मूल्यांकन के लिए 100 रुपये प्रति प्रश्न शुल्क निर्धारित था।
ऐसे मिलेगी स्कैन कॉपी
सीबीएसई ने आवेदन प्रक्रिया को पूरी तरह ऑनलाइन रखा है। छात्र स्वयं अपनी लॉगिन आईडी से आवेदन कर सकेंगे। बोर्ड ने छात्रों को साइबर कैफे या किसी अन्य व्यक्ति के माध्यम से आवेदन न करने की सलाह दी है।
स्कैन कॉपी छात्र की लॉगिन आईडी पर उपलब्ध कराई जाएगी, जहां से वह उसे डाउनलोड कर सकेगा। यह सुविधा “पहले आओ, पहले पाओ” के आधार पर दी जाएगी। छात्र एक या एक से अधिक विषयों के लिए आवेदन कर सकते हैं, लेकिन आवेदन एक ही बार में करना होगा।
यदि छात्र स्कैन कॉपी देखने के बाद अंकों से संतुष्ट नहीं होता है, तो वह आगे सत्यापन या पुनर्मूल्यांकन के लिए आवेदन कर सकेगा।
सीबीएसई के इस फैसले को छात्रों और अभिभावकों के लिए बड़ी राहत माना जा रहा है, क्योंकि इससे पुनर्मूल्यांकन प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और किफायती बनेगी।