Assam Flood: मदद के लिए आगे आए कई राज्य, शुभेंदु अधिकारी ने 10 करोड़ और छत्तीसगढ़ ने 5 करोड़ की सहायता की घोषणा
असम में बाढ़ की स्थिति गंभीर बनी हुई है। भारी बारिश और बाढ़ के कारण कई इलाकों में जनजीवन अस्त-व्यस्त है। बड़ी संख्या में लोग प्रभावित हुए हैं, कई परिवारों को सुरक्षित स्थानों और राहत शिविरों में शरण लेनी पड़ी है। बाढ़ से प्रभावित लोगों तक राहत पहुंचाने के लिए बचाव और पुनर्वास कार्य जारी हैं।
मुश्किल की इस घड़ी में असम की मदद के लिए दूसरे राज्यों ने भी हाथ बढ़ाया है। पश्चिम बंगाल और छत्तीसगढ़ की ओर से आर्थिक सहायता की घोषणा की गई है, ताकि बाढ़ प्रभावित लोगों तक राहत और जरूरी मदद पहुंचाई जा सके।
पश्चिम बंगाल की ओर से 10 करोड़ रुपये की सहायता
बाढ़ की गंभीर स्थिति को देखते हुए शुभेंदु अधिकारी ने असम को 10 करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है। उन्होंने असम में बाढ़ की मौजूदा स्थिति को बेहद गंभीर बताते हुए कहा कि इस कठिन समय में पश्चिम बंगाल असम के लोगों के साथ खड़ा है।
यह सहायता बाढ़ प्रभावित लोगों के लिए राहत और पुनर्वास कार्यों में उपयोग की जाएगी। पड़ोसी राज्य होने के कारण पश्चिम बंगाल की ओर से असम के लिए मदद को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
छत्तीसगढ़ सरकार ने भी दिए 5 करोड़ रुपये
इससे पहले छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने भी असम बाढ़ पीड़ितों की मदद के लिए 5 करोड़ रुपये की सहायता देने की घोषणा की थी।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने 9 अगस्त को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर बताया था कि उन्होंने असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा से फोन पर बाढ़ की गंभीर स्थिति को लेकर बातचीत की। उन्होंने कहा कि इस मुश्किल समय में छत्तीसगढ़ की जनता असम के लोगों के साथ संवेदना और एकजुटता के साथ खड़ी है।
उन्होंने राहत और पुनर्वास कार्यों में सहयोग के लिए छत्तीसगढ़ सरकार की ओर से 5 करोड़ रुपये की सहायता राशि देने का निर्णय बताया।
असम में राहत और बचाव अभियान जारी
असम में बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत और बचाव अभियान लगातार चलाया जा रहा है। प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने के साथ राहत शिविरों में भोजन, स्वास्थ्य सुविधाएं और अन्य जरूरी सामान उपलब्ध कराने की कोशिश की जा रही है।
लगातार सामने आ रही राज्यों की सहायता से बाढ़ प्रभावित परिवारों को राहत पहुंचाने और पुनर्वास कार्यों को गति देने में मदद मिलने की उम्मीद है।